घने बादलों की जडी आ गइ है ,
हवाओं में कितनी नमी आ गइ है।
उन्हें साथ लेकर चलना है लेकिन,
मगर चाहतो मे कमी आ गइ हो।
मेरी हसरतें मुजको बहेला रही हैं ,
इरादों में अब बरहमी आ गइ है।
तुम्हारी कसममुजको दुरी सताये,
ये हालत मेरे सर बडी आ गइ है ।
इरादे हमारे हैं मजबुत फीरभी ,
मुखालीफजहां कीगमी आ गइ है।
वफाऐं निभाने का अरमां इतना,
रहा दिल में पर बेबसी आ ए है।
चलो आजमासूम नये ख्वाब देखें,
नये दौर की फीर घड़ी आ गइ है।
मासूम मोडासवी
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