Wednesday, 5 April 2017

મુકતક

संसारी रिश्ते नाते अब
अच्छे से पहचान लेती हूं
जमाने के हर चलन भी
आसानी से जान लेती हूं ।

कितने भी मजबूर हुए
लेकीन कभी झुके नही
है ये करम प्रभु का की
ना कोई एहसान लेती हूं ।
*** निशि सिंह ***

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